CUET-PG: MA Hindi/Hindi & Comparative Literature, PG Diploma Hindi, PG Certificate/Diploma–Hindi-English Translation Entrance Exam Guide

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ISBN: 978-93-5477-421-8
AUTHOR NAME: RPH Editorial Board
EDITION: 2026
BOOK CODE: R-2272
MEDIUM: Hindi
FORMAT: Paper Back
PRICE: 380

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प्रतियोगी परीक्षाओं की पुस्तकों के प्रकाशन के क्षेत्र में अग्रणी रमेश पब्लिशिंग हाउस द्वारा प्रकाशित पुस्तक ‘CUET-PG : MA–हिन्दी/हिन्दी एवं कम्परेटिव लिटरेचर, PG डिप्लोमा–हिन्दी (हिन्दी ट्रांसलेशन एवं ऑफिस प्रॉसीजर), PG डिप्लोमा–हिन्दी (जनसंचार एवं मीडिया लेखन) PG सर्टिफिकेट/डिप्लोमा–हिन्दी-इंग्लिश ट्रांसलेशन प्रवेश परीक्षा’ के परीक्षार्थियों के लिए विशेष रूप से प्रकाशित की गई है। 
इसमें तथ्यों का संकलन नवीनतम पाठ्यक्रम पर आधारित है। इसे अधिक-से-अधिक लाभप्रद बनाने के लिए इसके प्रत्येक खंड में विषय-वस्तु एवं जानकारी का समावेश इस प्रकार किया गया है कि परीक्षार्थियों को इस परीक्षा की तैयारी में कोई कठिनाई न हो।
पुस्तक में पठन-सामग्री को आवश्यकतानुसार संक्षिप्त एवं क्रमबद्ध तरीके से इस प्रकार प्रस्तुत किया गया है कि परीक्षार्थियों को उन्हें सरलतापूर्वक समझने में न केवल सुविधा महसूस होगी, बल्कि पठन.सामग्री एवं तथ्यों के रिवीजन में भी आसानी होगी।
पुस्तक की मुख्य विशेषताएँः
• परीक्षा की नवीनतम पद्धति पर आधारित उत्कृष्ट अध्ययन सामग्री के साथ पूर्व परीक्षा प्रश्न-पत्र भी हल सहित दिया गया है।
• पुस्तक में समान-स्तर की पूर्व परीक्षाओं के आधार पर चुने हुए बहुविकल्पीय अभ्यास-प्रश्नों का समावेश किया गया है।
• सरल विधियों के साथ, चुने हुए कठिन प्रश्नों के उत्तर व्याख्यात्मक रूप में भी उपलब्ध करवाए गए हैं।
पुस्तक में प्रस्तुत उत्कृष्ट पठन एवं अभ्यास-सामग्री जहाँ एक तरफ आपके लिए ज्ञानवर्धक एवं उपयोगी सिद्ध होगी, वहीं इसके साथ आपके अध्ययन एवं अभ्यास का संयोजन इस परीक्षा में आपकी सफलता एवं उज्ज्वल भविष्य का मार्ग सुनिश्चित करेगा।

  • Previous Years' Paper (Solved) 2025, 2024, 2023, 2022, 2021 & 2019;
  • Subject Knowledge (Hindi); हिन्दी साहित्य का काल विभाजन और नामकरण; हिन्दी साहित्य का इतिहास (आदिकाल से आध्ुनिक काल तक) प्रमुख रचनाकार, रचनाएँ और प्रवृत्तियाँ; हिन्दी साहित्य की विविध् विधएँ एवं रचनाकार (उपन्यास, कहानी, नाटक, निबंध्, आलोचना एवं अन्य गद्य विधएँ); प्रयोजनमूलक हिन्दी के विविध् रूप; जनसंचार माध्यमों में हिन्दी (समाचार-पत्र और हिन्दी, विज्ञापन और हिन्दी, रेडियो एवं टेलीविजन में हिन्दी); भारतीय काव्यशास्त्र (शब्द शक्ति, काव्य हेतु, काव्य प्रयोजन एवं काव्य लक्षण); हिन्दी व्याकरण (संधि, समास, काल, वाक्य-विन्यास)।

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